चाणक्य आईएएस अकादमी और ट्राइबल रिसर्च एंड ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर
| 12 Oct 2019

चाणक्य आईएएस अकादमी और ट्राइबल रिसर्च एंड ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर


आदिवासी छात्रों के खुले भाग्य, सिविल सेवा परीक्षा के लिए दी जाएगी स्पेशल ट्रेनिंग

सिविल सेवा परीक्षा में आदिवासी युवाओं के चयन की संभावनाओं को बढ़ावा देना मुख्य उद्देश्य

नई दिल्ली: सिविल सेवा उम्मीदवारों की तैयारी के लिए भारत के प्रमुख संस्थान, चाणक्य आईएएस अकादमी ने हाल ही में आदिवासी अनुसंधान और प्रशिक्षण संस्थान (टीआरटीआई) के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए, ताकि इच्छुक आदिवासी छात्रों को सिविल सेवा परीक्षा के लिए ट्रेनिंग दी जा सके।

हमारे माननीय केंद्रीय मंत्री, श्री नितिन गडकरी, महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री, डॉक्टर अशोक राम ओइके, महाराष्ट्र के राज्यमंत्री, डॉक्टर परिणय फुके और महाराष्ट्र के आदिवासी विभाग की प्रमुख सचिव, सुश्री मनीषा वर्मा की उपस्थिति में चाणक्य आईएएस अकादमी के संस्थापक और प्रबंध निदेशक, डॉक्टर ए.के मिश्रा और टीआरटीआई की कमिशनर, डॉक्टर किरण कुलकर्णी के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए।

आदिवासी विकास के लिए बुनियादी मुद्दों और आवश्यकताओं से जुड़ी चुनौतियों पर कम ध्यान दिया जाता है इसलिए टीआरटीआई, आदिवासी युवाओं को प्रोफेशनल कोर्स और सरकारी सेवाओं के लिए तैयार करने का उद्देश्य रखता है।

चाणक्य आईएएस अकादमी के संस्थापक और प्रबंध निदेशक, डॉक्टर ए.के मिश्रा ने बताया कि, “भारत में सिविल सेवा परीक्षा को पार करना कई युवाओं का सपना है। विशेषकर आदिवासी छात्र सरकारी नौकरियों और सिविल सेवा को बहुत गंभीरता से लेते हैं और इन प्रतियोगी परीक्षाओं को पार करने की कोशिश में कई साल गुजार देते हैं। इस अग्रीमेंट के साथ, हम न केवल आदिवासी युवाओं के लिए सिविल सेवा परीक्षा को क्रैक करने की संभावनाओं को बढ़ाएंगे, बल्कि उन्हें रोजगार की संभावना बढ़ाने के लिए ट्रेनिंग देने में भी मदद करेंगे।”

सिविल सेवा परीक्षा के लिए अग्रणी संस्थान होने के नाते, चाणक्य आईएएस अकादमी ने हमेशा सिविल सेवा और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के क्षेत्र में छात्रों के बेहतर भविष्य के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। इसी प्रकार, टीआरटीआई के साथ हाथ मिलाकर चाणक्य आईएएस अकादमी ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है जिसकी मदद से आदिवासी छात्रों का सही मार्गदर्शन हो सकेगा।

टीआरटीआई का ट्रेनिंग पार्टनर होने के नाते, चाणक्य आईएएस अकादमी छात्रों की तैयारी के लिए कक्षाएं और नियमित मॉक टेस्ट आयोजित करेगा। मॉक टेस्ट छात्रों को उनकी तैयारी के स्तर का विश्लेषण करने में मदद करेंगे। जनजातीय समुदाय को बढ़ावा देना निश्चित रूप से छात्रों के विकास और राष्ट्र की प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान देगा।