एस एस के पब्लिक स्कूल ,प्रताप विहार गाज़ियाबाद स्कूली छात्रो के साथ गाली गलोज मार पीट करते है शिक्षक और प्रधानाचार्य
| 16 Nov 2019

एस एस के पब्लिक स्कूल ,प्रताप विहार गाज़ियाबाद स्कूली छात्रो के साथ गाली गलोज मार पीट करते है शिक्षक और प्रधानाचार्य
गाज़ियाबाद : क्वालिटी शिक्षा के नाम पर देश में निजी स्कूलो की बाढ़ लगी हुई है लेकिन हकीकत में ये स्कूल केवल और केवल मोटी फीस कमाने के साधन है और एक व्यापार बन चुके है क्योकि यहाँ शिक्षा और संस्कार नाम की कोई चीज बच्चो को नहीं मिलती . और अंत में माँ बाप अपने आप को लुटा हुआ ही महसूस करते है

एस एस के पब्लिक स्कूल ,प्रताप विहार गाज़ियाबाद की तो एक बहुत शर्मसार करने वाली घटना सामने आ गई है यहाँ पर ग्यारहवी कक्षा के एक छात्र की दिनांक १६/११/ २०१९ को न सिर्फ पिटाई की बल्कि उसको माँ बाप तक की गाली न सिर्फ टीचर ने दी बल्कि स्कूल प्रिंसिपल ने भी बच्चे को सबके सामने गाली दे कर अपमानित किया बच्चे की गलती सिर्फ इतनी थी कि वह विज्ञान का छात्र और वह हिंदी में कमजोर है बस इसी बात को लेकर बच्चे के साथ गाली गलोज और पिटाई की गई .

कहने को तो यह एक निजी स्कूल है लेकिन यहाँ के टीचर न सिर्फ अयोग्य है बल्कि कुल मिला कर अशिक्षित दसवी बारवी पास है जिन्हें टीचिंग क्या होती है इस बात से कोई मतलब नहीं एक टीचर बन्ने के लिए जो न्यूनतम आवश्यकता होती है वह भी इनके पास नहीं है , कमाल की बात तो यह है की स्कूल बच्चो को शिक्षक न होने पर बाहर ट्यूशन सेंटर पर क्लास के लिए भेजते है

हमें तो यही समझ नहीं आता की जब स्कूल शिक्षा , यानी टीचर , साफ़ सफाई , बुलिडिंग ,पानी ,आदि की कुछ भी पुरे मानक नहीं है तो ऐसे स्कूलों को मान्यता कैसे मिल जाती है यह भी बड़ी अजीब सी बात है तो क्या कुल मिला कर यह एक षड्यंत्र का हिस्सा है ??

जिस स्कूल में शिक्षक नहीं , पानी नहीं , सफाई नहीं वह पढ़ाई की वाव्य्स्था नहीं विधार्थियो के लिए लैब नहीं उसको मान्यता मिल जाना और उसका सालो से लागतार चलते रहना इसे क्या कहंगे ?? हमने स्कूल प्रसाशन से सम्पर्क साधने की कोशिस की ताकि वो लोग अपने सफाई में कुछ कहे लेकिन कोई भी स्कूल अधिकारी सम्पर्क में नहीं आया

हम यह खबर राज्य के मुख्यमंत्री श्री आदित्यनाथ योगी जी और प्रदेश के शिक्षा मंत्री के संज्ञान में भी ला दिया जाएगा लेकिन सबसे बड़ी बता यह है की देश की केंद्र सरकार और राज्य सरकार लगातार प्रदेश में शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए प्रयासरत है लेकिन भ्रश्ट अधिकारिओ की वजह से सरकार के प्रयास विफल होते जा रहे है जो की एक गंभीर मुद्दा है